मसूरी में आर्यम इंटरनेशनल फाउंडेशन द्वारा माँ अन्नपूर्णा भंडारा कार्ड योजना के तहत 22 अतिनिर्धन परिवारों को निःशुल्क राशन वितरित किया गया। यह योजना 2020 से निरंतर जरूरतमंदों की सहायता कर रही है।
Maa Annapurna Bhandara Card Scheme 2026: देवभूमि उत्तराखण्ड के मसूरी क्षेत्र में सामाजिक सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है। आर्यम इंटरनेशनल फ़ाउंडेशन के तत्वावधान में संचालित भगवान शंकर आश्रय द्वारा माँ अन्नपूर्णा भंडारा कार्ड योजना के अंतर्गत सितंबर माह के लिए 22 अतिनिर्धन और वंचित परिवारों को निःशुल्क घरेलू राशन वितरित किया गया। यह योजना वर्ष 2020 से परमप्रज्ञ जगद्गुरु प्रोफ़ेसर पुष्पेंद्र कुमार आर्यम जी महाराज के मार्गदर्शन में निरंतर संचालित हो रही है।

इस पहल का उद्देश्य केवल जरूरतमंदों को खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों को सम्मानपूर्वक जीवन जीने में सहायता प्रदान करना भी है। योजना के तहत लाभार्थियों का चयन अत्यंत सावधानीपूर्वक किया जाता है, ताकि सहायता वास्तविक जरूरतमंदों तक ही पहुंचे।
गुरुदेव आर्यम जी महाराज का मानना है कि समाज में असंतुलन और मानसिक दुर्बलता का मुख्य कारण केवल भोजन की कमी नहीं, बल्कि ज्ञान, प्रेम, शांति और आत्मिक संतुष्टि की कमी भी है। इसी दृष्टिकोण के साथ वे सनातन धर्म के शाश्वत सिद्धांतों के माध्यम से लोगों को उनकी आंतरिक शक्ति से जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। उनका यह अभियान धार्मिक सीमाओं से परे एक सामाजिक जागरूकता और परिवर्तन का संदेश देता है।

भंडारा कार्ड योजना के तहत प्रत्येक परिवार को आवश्यक खाद्य सामग्री जैसे 15 किलो गेहूं का आटा, 10 किलो चावल, 2 किलो काला चना और 2 लीटर सरसों का तेल प्रदान किया जाता है। साथ ही, जो परिवार अत्यधिक कमजोर, बीमार या चलने-फिरने में असमर्थ हैं, उन्हें राशन उनके घर तक पहुंचाने की व्यवस्था भी की गई है। यह योजना विशेष रूप से उन लोगों के लिए सहारा बनी हुई है जो समाज में उपेक्षित हैं, जैसे निराश्रित वृद्ध, विधवाएं, दिव्यांग और गंभीर रूप से बीमार व्यक्ति। आश्रम प्रबंधन के अनुसार, इस योजना को भविष्य में अन्य क्षेत्रों तक भी विस्तारित करने की योजना है।
आज आयोजित वितरण कार्यक्रम में राकेश रघुवंशी, हरीश त्यागी, सोमलता दलाल, जया शर्मा, अजय त्यागी, राजेन्द्र कुमार, अंशित वर्मा, प्रीतेश आर्यम, इड़ा, रुचि, रीना चौहान और इंदिराबेन मिश्रा सहित कई सहयोगियों ने सक्रिय भूमिका निभाई। यह पहल न केवल जरूरतमंदों की सहायता का माध्यम बन रही है, बल्कि समाज में सेवा, करुणा और सहयोग की भावना को भी सशक्त कर रही है।
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