Bihar Weather Alert: बिहार में आंधी, बारिश और वज्रपात का खतरा बढ़ा। कई जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी, 10 मई तक तेज हवाओं और बारिश की चेतावनी।
पटना: मई महीने की शुरुआत के साथ ही बिहार में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। मानसून आने से पहले ही राज्य के कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और वज्रपात की घटनाएं लगातार देखने को मिल रही हैं। इस असामान्य मौसम ने जहां लोगों की चिंता बढ़ा दी है, वहीं जान-माल और खेती-किसानी पर भी खतरा मंडराने लगा है।
मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के विभिन्न हिस्सों में बुधवार को भी आंधी-बारिश और वज्रपात को लेकर चेतावनी जारी की गई है। करीब 12 जिलों में तेज हवा और बारिश का अलर्ट है, जबकि 5 जिलों के लिए भारी बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
इन जिलों में ऑरेंज अलर्ट
बांका, भागलपुर, कटिहार, किशनगंज और पूर्णिया जिलों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश और तेज हवाओं को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। इन इलाकों में वज्रपात की घटनाएं भी हो सकती हैं, जिससे लोगों को सावधान रहने की जरूरत है।
येलो अलर्ट वाले जिले
वहीं अररिया, जमुई, खगड़िया, मधेपुरा, मुंगेर, सहरसा और सुपौल जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है। इन क्षेत्रों में भी वज्रपात का खतरा बना हुआ है।
तापमान में भी होगा बदलाव
मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में 3 से 4 डिग्री और न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी की संभावना जताई है। हालांकि बारिश और बादलों के कारण कुछ स्थानों पर तापमान में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
पटना में भी बारिश के आसार
राजधानी पटना में अगले तीन से चार दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। हाल ही में यहां औसतन 20.9 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि तेज हवाओं की रफ्तार 85 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई थी। मौसम विभाग के मुताबिक, फिलहाल तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा।
10 मई तक जारी रहेगा असर
मौसम विभाग ने 10 मई तक राज्य के कई हिस्सों में वज्रपात और तेज हवाओं को लेकर येलो अलर्ट जारी रखा है। 8 और 9 मई को उत्तर-पूर्व, उत्तर-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व बिहार के जिलों में तेज हवाओं और बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। 10 मई को भी उत्तर-पूर्वी जिलों में मेघ गर्जन और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
सावधानी जरूरी
लगातार बदलते मौसम को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। खुले मैदान, पेड़ों के नीचे या बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचने की अपील की गई है। किसानों को भी फसलों और पशुओं की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है।
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